चार वर्षों में बदली खंडवा की तस्वीर, ‘अमृत खंडवा’ के संकल्प को विकास कार्यों से मिली नई पहचान | पेयजल संकट के स्थायी समाधान से लेकर सड़क, सीवरेज, आवास, जल संरक्षण और हरित विकास तक नगर निगम ने गिनाईं उपलब्धियां; महापौर अमृता अमर यादव ने कहा—‘संकल्प से सिद्धि तक’ पहुंचाने का प्रयास

खंडवा- शहर के विकास की दिशा में पिछले चार वर्षों में किए गए कार्यों और उपलब्धियों का रिपोर्ट कार्ड शुक्रवार को नगर निगम की महापौर परिषद ने मीडिया के समक्ष प्रस्तुत किया। महापौर परिषद के चार वर्ष पूर्ण होने के अवसर पर निजी होटल में आयोजित ‘अमृत मीडिया संवाद’ प्रेस वार्ता में महापौर श्रीमती अमृता अमर यादव ने वर्ष 2022 से अब तक की विकास यात्रा का विस्तृत ब्यौरा रखा।

संकल्प से सिद्धि तक’ विषय पर आयोजित इस प्रेस वार्ता में महापौर ने कहा कि वर्ष 2022 में जनता से किए गए अधिकांश संकल्पों को समयबद्ध तरीके से पूरा करने का प्रयास किया गया है। कई बड़े प्रोजेक्ट पूर्ण हो चुके हैं, जबकि मूलभूत सुविधाओं से जुड़े अनेक महत्वपूर्ण कार्य अभी प्रगति पर हैं। उन्होंने चार वर्ष की इस विकास यात्रा को ‘अमृत खंडवा’ की संज्ञा देते हुए कहा कि नगर निगम का लक्ष्य केवल सड़क, नाली और भवन निर्माण तक सीमित नहीं रहा, बल्कि नागरिकों के जीवन स्तर में स्थायी और गुणात्मक बदलाव लाना रहा है।

प्रेस वार्ता में नगर निगम परिषद अध्यक्ष अनिल विश्वकर्मा, एमआईसी सदस्य राजेश यादव, सोमनाथ काले, विक्की भांवरे, अनिल वर्मा और आशीष चटकेले, नगर निगम आयुक्त श्रीमती प्रियंका राजावत, वरिष्ठ प्रवक्ता सुनील जैन सहित जनप्रतिनिधि एवं अधिकारी उपस्थित रहे।

पेयजल संकट के स्थायी समाधान की ओर खंडवा

खंडवा में लंबे समय से चली आ रही पेयजल समस्या को नगर निगम परिषद ने अपने कार्यकाल की सबसे बड़ी प्राथमिकताओं में शामिल किया। इसी दिशा में AMRUT 2.0 के अंतर्गत व्यापक जलापूर्ति परियोजना पर कार्य किया जा रहा है।

परियोजना में 37.50 किलोमीटर ट्रांसमिशन पाइपलाइन, 800 मिमी DI-K9 पाइपलाइन, 13.60 MLD क्षमता का आधुनिक जल शोधन संयंत्र तथा पांच नए ओवरहेड सर्विस रिजर्वायर विकसित किए जा रहे हैं। इसके साथ ही करीब 2,500 नए घरेलू जल कनेक्शन दिए जा रहे हैं।

नगर निगम के अनुसार परियोजना करीब 97 प्रतिशत पूर्ण हो चुकी है। परियोजना पूरी होने के बाद शहर की वर्तमान एवं भविष्य की जल आवश्यकता को पूरा करने के साथ जल आपूर्ति व्यवस्था को अधिक व्यवस्थित और भरोसेमंद बनाने में मदद मिलने की उम्मीद है।

₹212 करोड़ से तैयार हो रहा आधुनिक सीवरेज नेटवर्क

शहर की स्वच्छता और पर्यावरणीय व्यवस्था को मजबूत करने के लिए ₹212.37 करोड़ की AMRUT 2.0 सीवरेज परियोजना पर काम जारी है। इसके अंतर्गत 252 किलोमीटर भूमिगत सीवरेज नेटवर्क विकसित किया जाना है।

परियोजना में 1.55 किलोमीटर DI Rising Main, 11.40 किलोमीटर HDPE पाइपलाइन, पांच इंटरमीडिएट पम्पिंग स्टेशन तथा 24 MLD और 12 MLD क्षमता के दो आधुनिक सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट शामिल हैं।

अब तक लगभग 32 किलोमीटर सीवरेज पाइपलाइन बिछाई जा चुकी है। इसके साथ ही 1,458 IC Chamber और 1,347 Manhole का निर्माण पूरा हो चुका है। पूरी परियोजना के आकार लेने के बाद शहर की सीवरेज व्यवस्था को नई संरचना मिलने की उम्मीद है।

सड़क और परिवहन अधोसंरचना में भी विस्तार

शहर की बढ़ती आबादी और भविष्य की यातायात आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए सड़क एवं परिवहन अधोसंरचना पर भी नगर निगम ने जोर दिया है।

महापौर ने बताया कि ₹36.70 करोड़ की एमआर-12 से एमआर-13 सड़क परियोजना का डीपीआर शासन को भेजा गया है। वहीं ₹7.97 करोड़ की लागत से ट्रांसपोर्ट नगर परियोजना प्रगतिरत है।

करीब 99,340 वर्गमीटर क्षेत्र में विकसित किए जा रहे ट्रांसपोर्ट नगर में 319 भूखंड विकसित किए गए हैं, जिनमें 113 भूखंडों का आवंटन किया जा चुका है।

इसके अतिरिक्त लगभग ₹15 करोड़ की लागत से 16.92 किलोमीटर बीटी सड़क और करीब 7 किलोमीटर सीसी सड़क का निर्माण कराया गया। मुख्यमंत्री अधोसंरचना योजना के तहत लगभग ₹10 करोड़ के कार्य पूरे किए जा चुके हैं, जबकि करीब ₹8.17 करोड़ के अन्य अधोसंरचना कार्य प्रगति पर हैं।

जल निकासी व्यवस्था को लेकर भी बड़े प्रयास

मानसून के दौरान जलभराव की समस्या से राहत दिलाने के लिए नगर निगम द्वारा ₹16.35 करोड़ की लागत से 3,430 मीटर नए नालों का निर्माण कराया गया।

पूर्व मानसून अभियान में शहर के 57 प्रमुख नालों की सफाई की गई। इसके साथ ही नगर निगम के सभी छह जोनों में चरणबद्ध तरीके से नाला सफाई एवं रखरखाव का कार्य किया गया। इसका उद्देश्य बारिश के दौरान जल निकासी व्यवस्था को अधिक प्रभावी बनाना है।

जल संरक्षण में खंडवा की राष्ट्रीय उपलब्धि

‘जल संरक्षण’ को केवल सरकारी योजना न मानकर जनभागीदारी का अभियान बनाने की दिशा में भी नगर निगम ने कई कार्य किए हैं।

चार प्रमुख तालाबों का संरक्षण एवं सफाई, दो कुंडों का जीर्णोद्धार, 24 कुओं की सफाई, नौ कुओं पर सुरक्षा जाली और तीन बावड़ियों का संरक्षण किया गया।

शहर में 395 वर्षा जल संचयन संरचनाएं, 275 रूफ वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम, 20 रिचार्ज पिट और 40 सोक पिट विकसित किए गए। नगर निगम के अनुसार कुल 406 वर्षा जल संरक्षण संरचनाएं निर्मित की गईं, जबकि 20,490 कंटूर ट्रेंच भी विकसित किए गए।

इन प्रयासों का उल्लेख करते हुए महापौर ने बताया कि जल गंगा संवर्धन अभियान में खंडवा को राष्ट्रीय स्तर पर द्वितीय स्थान प्राप्त हुआ, जिसे नगर निगम की महत्वपूर्ण उपलब्धि के रूप में प्रस्तुत किया गया।

प्रधानमंत्री आवास योजना से हजारों परिवारों का अपना घर

शहरी गरीब और जरूरतमंद परिवारों को आवास उपलब्ध कराने की दिशा में भी नगर निगम ने प्रधानमंत्री आवास योजना को प्रमुखता दी।

PMAY-1 के अंतर्गत 5,549 आवास स्वीकृत किए गए, जिनमें 5,266 आवास पूर्ण हो चुके हैं। वहीं PMAY-2 के तहत 1,299 आवास स्वीकृत किए गए हैं।

इस प्रकार कुल 6,848 आवास स्वीकृत हुए हैं और 1,536 आवास अभी निर्माणाधीन हैं। लगभग ₹150.17 करोड़ की लागत से हजारों परिवारों को पक्के और सुरक्षित आवास उपलब्ध कराने की प्रक्रिया आगे बढ़ रही है।

पीएम स्वनिधि ने छोटे कारोबारियों को दिया आर्थिक सहारा

स्ट्रीट वेंडर्स और छोटे कारोबारियों को आर्थिक रूप से मजबूत बनाने में प्रधानमंत्री स्वनिधि योजना को भी महत्वपूर्ण बताया गया।

नगर निगम को योजना के तहत 17,243 आवेदन प्राप्त हुए। इनमें 14,126 ऋण स्वीकृत हुए और 13,805 हितग्राहियों को ऋण वितरित किया गया।

प्रथम ऋण के 8,207, द्वितीय ऋण के 4,282 और तृतीय ऋण के 1,316 प्रकरण वितरित किए गए। इसके अलावा 260 पीएम स्वनिधि क्रेडिट कार्ड जारी किए गए और 9,419 डिजिटल लेनदेन दर्ज किए गए।

‘स्वनिधि से समृद्धि’ अभियान के अंतर्गत 36,995 सामाजिक सुरक्षा लाभ प्रदान किए गए। उत्कृष्ट कार्य के लिए मार्च 2025 में खंडवा नगर निगम को मध्यप्रदेश के सभी नगर निगमों में प्रथम स्थान मिलने की जानकारी भी प्रेस वार्ता में दी गई।

हरित खंडवा की दिशा में 2.63 लाख पौधारोपण

शहर को अधिक हरा-भरा और पर्यावरण के अनुकूल बनाने के लिए उद्यानों और हरित क्षेत्रों के विकास पर भी ध्यान दिया गया।

नगर निगम के अनुसार 123 उद्यानों का संरक्षण और 87 उद्यानों का विकास किया गया। नागरिकों के स्वास्थ्य और फिटनेस को ध्यान में रखते हुए 15 ओपन जिम और 21 वॉकिंग ट्रैक विकसित किए गए। पांच फाउंटेन और एक ऑक्सीजन पार्क भी विकसित किया गया।

वर्ष 2024 से 2026 के बीच लगभग 2.63 लाख पौधों का रोपण किया गया। नगर निगम ने इसे पर्यावरण संरक्षण और शहर के हरित विस्तार की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया।

महिला सशक्तिकरण को स्वरोजगार से जोड़ा

महिला सशक्तिकरण के लिए नगर निगम द्वारा स्वयं सहायता समूहों को बढ़ावा दिया गया। इस अवधि में 154 स्वयं सहायता समूह गठित किए गए। इनमें से 135 समूहों को ₹1 लाख से ₹10 लाख तक के ऋण उपलब्ध कराए गए।

इसके अलावा 114 हितग्राहियों को स्वरोजगार से जोड़ा गया। महिलाओं की भागीदारी को केवल आर्थिक गतिविधियों तक सीमित न रखते हुए जल गुणवत्ता परीक्षण, पार्क प्रबंधन और हरित गतिविधियों में भी शामिल किया गया।

अंत्योदय रसोई में सात लाख से अधिक भोजन कूपन वितरित

जरूरतमंद और आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों के लिए नगर निगम द्वारा संचालित चार पंजीकृत दीनदयाल अंत्योदय रसोइयों के माध्यम से अप्रैल 2022 से जुलाई 2026 तक 7,05,583 भोजन कूपन वितरित किए गए।

इस योजना पर करीब ₹79.91 लाख का व्यय हुआ, जबकि लाभार्थियों से ₹49.15 लाख का अंशदान प्राप्त हुआ। योजना के माध्यम से जरूरतमंद नागरिकों को कम लागत में भोजन उपलब्ध कराने का प्रयास किया गया।

पत्रकारों ने उठाए शहर से जुड़े अहम मुद्दे

प्रेस वार्ता केवल उपलब्धियों के प्रस्तुतीकरण तक सीमित नहीं रही। पत्रकारों ने जलकर, नगर निगम पुस्तकालय, बैंक भवनों में पार्किंग व्यवस्था, सोलर ऊर्जा परियोजनाओं और कुंडों के जीर्णोद्धार सहित शहर से जुड़े विभिन्न विषयों पर सवाल किए।

महापौर अमृता अमर यादव ने पत्रकारों के सवालों का विस्तारपूर्वक जवाब देते हुए नगर निगम की आगामी योजनाओं और विभिन्न विकास कार्यों की प्रगति की जानकारी साझा की।

‘अमृत खंडवा’ के संकल्प को आगे बढ़ाने का दावा

चार वर्ष पूरे होने पर प्रस्तुत रिपोर्ट कार्ड में नगर निगम ने पेयजल, सीवरेज, सड़क, आवास, जल संरक्षण, रोजगार, महिला सशक्तिकरण और पर्यावरण जैसे क्षेत्रों में किए गए कार्यों को अपनी प्रमुख उपलब्धियों के रूप में सामने रखा।

महापौर अमृता अमर यादव ने कहा कि नगर निगम का उद्देश्य खंडवा को केवल भौतिक रूप से विकसित करना नहीं, बल्कि ऐसा शहर बनाना है जहां नागरिकों को बेहतर मूलभूत सुविधाएं, स्वच्छ वातावरण, बेहतर जल व्यवस्था, आवास और रोजगार के अवसर मिल सकें।

उन्होंने कहा कि पिछले चार वर्षों में शुरू किए गए और प्रगतिरत कार्य आने वाले समय में खंडवा के विकास की नई आधारशिला तैयार करेंगे। इसी सोच के साथ ‘अमृत खंडवा’ के संकल्प को आगे बढ़ाने का प्रयास जारी रहेगा।

वरिष्ठ पत्रकारों का सम्मान

कार्यक्रम के अंत में महापौर अमृता अमर यादव, परिषद अध्यक्ष अनिल विश्वकर्मा एवं एमआईसी सदस्यों द्वारा उपस्थित वरिष्ठ पत्रकारों और मीडिया प्रतिनिधियों को स्मृति-चिह्न भेंट कर सम्मानित किया गया।

प्रेस वार्ता का संचालन नगर निगम प्रवक्ता सुनील जैन ने किया। नगर निगम आयुक्त श्रीमती प्रियंका राजावत ने आभार व्यक्त किया। इसके साथ ही महापौर परिषद की चार वर्षीय विकास यात्रा पर आयोजित ‘अमृत मीडिया संवाद’ का समापन हुआ।

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